आदित्य 8 मई (बद्दी)
विश्व रेड क्रॉस दिवस के अवसर पर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला घरेड़ में जागरूकता एवं सेवा भावना से ओत-प्रोत कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को मानव सेवा, प्राथमिक उपचार और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना रहा। इस अवसर पर विद्यालय में हेल्थ केयर विषय के विद्यार्थियों द्वारा चार्ट मेकिंग प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी के उद्देश्यों, मानवता की सेवा, रक्तदान, प्राथमिक उपचार, आपदा राहत कार्यों तथा जरूरतमंद लोगों की सहायता जैसे विषयों पर सुंदर और आकर्षक चार्ट तैयार किए। विद्यार्थियों ने अपने चित्रों और संदेशों के माध्यम से यह दर्शाया कि रेड क्रॉस संस्था बिना किसी भेदभाव के जरूरतमंद लोगों की सहायता करती है और मानवता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है।
कार्यक्रम के दौरान हेल्थ केयर के विद्यार्थियों ने अन्य छात्रों को रेड क्रॉस के इतिहास और इसके महत्व के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विश्व रेड क्रॉस दिवस प्रत्येक वर्ष 8 मई को मनाया जाता है। यह दिन रेड क्रॉस आंदोलन के संस्थापक हेनरी ड्यूनांट की जयंती के रूप में मनाया जाता है। हेनरी ड्यूनांट को मानव सेवा के क्षेत्र में विशेष योगदान के लिए पहला नोबेल शांति पुरस्कार भी प्रदान किया गया था।

हेल्थ केयर अध्यापिका किरण बाला ने विद्यार्थियों को रेड क्रॉस के सात मूल सिद्धांत — मानवता, निष्पक्षता, तटस्थता, स्वतंत्रता, स्वैच्छिक सेवा, एकता और सार्वभौमिकता — के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं, दुर्घटनाओं और आपातकालीन परिस्थितियों में रेड क्रॉस की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों को प्राथमिक उपचार की बुनियादी जानकारी भी दी और जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहने का संदेश दिया।
विद्यालय की प्रिंसिपल रेनू रांपाल ने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम बच्चों में सेवा भावना, सहयोग, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करते हैं। उन्होंने कहा कि आज के समय में युवाओं को केवल शिक्षा तक सीमित न रहकर समाज सेवा के कार्यों में भी सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।

कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों ने मानवता और सेवा का संदेश देते हुए समाज में जरूरतमंद लोगों की सहायता करने का संकल्प लिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में उत्साह और जागरूकता का वातावरण बना रहा।








